राष्ट्रीय जनता दल की नींव उन सिद्धांतों पर टिकी है जो समाज के अंतिम पंक्ति के व्यक्ति को न्याय दिलाने की बात करते हैं।
समाज के पिछड़े, दलित, अल्पसंख्यक और महिलाओं को सत्ता और संसाधनों में उचित हिस्सेदारी दिलाना राजद की प्राथमिकता है। मंडल आयोग की सिफारिशों को लागू कराना इसी विचारधारा का परिणाम था।
राजद सांप्रदायिकता का कट्टर विरोधी है। हर धर्म, जाति और समुदाय के लोगों को समान सम्मान और सुरक्षा मिले — यह पार्टी की अटल नीति है। बिहार में सद्भाव बनाए रखना हमारी उपलब्धि है।
राजद का विश्वास है कि लोकतंत्र तभी सार्थक है जब आर्थिक और सामाजिक असमानता समाप्त हो। संसाधनों का समान वितरण और सबके लिए रोजगार हमारा आर्थिक लक्ष्य है।
1990 में मंडल आयोग की सिफारिशें लागू होने के बाद भारतीय राजनीति में एक क्रांति आई। राजद इस क्रांति का अगुवा रहा है। श्री लालू प्रसाद यादव ने OBC, SC और ST वर्गों को न केवल राजनीतिक प्रतिनिधित्व दिलाया, बल्कि उन्हें सामाजिक सम्मान भी दिलाया।
राजद का मानना है कि जनसंख्या के अनुपात में सभी वर्गों को सरकारी नौकरियों, शिक्षा और राजनीति में भागीदारी मिलनी चाहिए। यही सच्चा लोकतंत्र है।
OBC जनसंख्या जिन्हें उचित प्रतिनिधित्व की जरूरत है
OBC आरक्षण जो मंडल आयोग ने सुनिश्चित किया
1990 में OBC वर्ग के लिए 27% आरक्षण लागू करवाने में राजद की अहम भूमिका।
SC/ST वर्ग के लिए भूमि सुधार, शिक्षा और रोजगार की गारंटी।
पंचायती राज में महिलाओं को 50% आरक्षण का समर्थन।
मुस्लिम, ईसाई और अन्य अल्पसंख्यक समुदायों की सुरक्षा और अधिकारों की रक्षा।
सटीक सामाजिक डेटा के लिए जाति आधारित जनगणना की मांग।
तेजस्वी यादव के नेतृत्व में राजद ने बिहार के लिए 6 सूत्रीय एजेंडा तय किया है।
बिहार के हर बच्चे को मुफ्त, गुणवत्तापूर्ण और समान शिक्षा। सरकारी स्कूलों को प्राइवेट स्तर तक उठाना।
हर नागरिक को सस्ती और सुलभ स्वास्थ्य सेवा। सरकारी अस्पतालों में बेहतर इलाज की व्यवस्था।
बिहार के युवाओं के लिए 10 लाख सरकारी नौकरियाँ। उद्योग और व्यापार को बढ़ावा देना।
किसानों के लिए बेहतर सिंचाई व्यवस्था। कृषि को लाभदायक बनाना और MSP की गारंटी।
जनता की हर शिकायत का समयबद्ध निपटारा। जवाबदेह और पारदर्शी प्रशासन।
भ्रष्टाचार और अपराध पर कठोर कार्यवाही। समयबद्ध न्याय और कानून का राज।
राजद जाति आधारित जनगणना का पूर्ण समर्थन करता है ताकि OBC, SC, ST की वास्तविक संख्या का पता चले और नीतियाँ सही तरीके से बनाई जा सकें।
हर नागरिक को अपने धर्म के अनुसार जीने का अधिकार है। राजद किसी भी प्रकार के सांप्रदायिक ध्रुवीकरण का विरोध करता है।
राजद नागरिकता संशोधन अधिनियम (CAA) और राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (NRC) का विरोध करता है। यह संविधान की भावना के विरुद्ध है।
रेलवे, BSNL और सरकारी बैंकों के निजीकरण का विरोध। सार्वजनिक संपत्ति की बिक्री गरीबों के हित में नहीं है।
किसानों को उनकी फसल का उचित मूल्य मिले — इसके लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) को कानूनी दर्जा दिया जाना चाहिए।
महिलाओं, OBC और अल्पसंख्यकों को संसद और विधानसभाओं में उचित प्रतिनिधित्व सुनिश्चित हो। महिला आरक्षण बिल का समर्थन।
"जब तक सामाजिक न्याय नहीं, तब तक विकास अधूरा है।"
— श्री लालू प्रसाद यादव, राष्ट्रीय अध्यक्ष, RJD